उपरोक्त बिन्दुओं के अन्तर्गत व्यावसायिक वातावरण के महत्व का अध्ययन करने के उपरान्त यह कहा जा सकता है कि किसी भी व्यवसाय के प्रवर्तन (formation) से लेकर उसके उत्पाद या सेवा के वितरण तक एवं उपभोक्ताओं या समाज की संतुष्टि के लिए यह आवश्यक हो जाता है कि व्यवसाय अधिकतम कुशलता के साथ कार्य करे, जिसके लिए व्यावसायिक वातावरण या माहौल का पूर्ण ज्ञान आवश्यक हो जाता है।
रोमांस की जगह गम्भीर विचारों ने ले ली, न और अधिक रहस्यवाद, न ही अन्धविश्वास. यथार्थवाद हमारा आधार बना. मुझे विश्वक्रान्ति के अनेक आदर्शों के बारे में पढ़ने का खूब मौका मिला. मैंने अराजकतावादी नेता बुकनिन को पढ़ा, कुछ साम्यवाद के पिता मार्क्स को, किन्तु अधिक लेनिन, त्रात्स्की, व अन्य लोगों को पढ़ा, जो अपने देश में सफलतापूर्वक क्रान्ति लाये थे. ये सभी नास्तिक थे. बाद में मुझे निरलम्ब स्वामी की पुस्तक ‘सहज ज्ञान’ मिली. इसमें रहस्यवादी नास्तिकता थी. 1926 के अन्त तक मुझे इस बात का विश्वास हो गया कि एक सर्वशक्तिमान परम आत्मा की बात, जिसने ब्रह्माण्ड का सृजन, दिग्दर्शन और संचालन किया, एक कोरी बकवास है. मैंने अपने इस अविश्वास को प्रदर्शित किया. मैंने इस विषय पर अपने दोस्तों से बहस की. मैं एक घोषित नास्तिक हो चुका था.
यदि आपका विश्वास है कि एक सर्वशक्तिमान, सर्वव्यापक और सर्वज्ञानी ईश्वर है, जिसने विश्व की रचना की, तो कृपा करके मुझे यह बतायें कि उसने यह रचना क्यों की? कष्टों और संतापों से पूर्ण दुनिया – असंख्य दुखों के शाश्वत अनन्त गठबन्धनों से ग्रसित! एक भी व्यक्ति तो पूरी तरह संतृष्ट नही है. कृपया यह न कहें कि यही उसका नियम है. यदि वह किसी नियम से बँधा है तो वह सर्वशक्तिमान नहीं है. वह भी हमारी ही तरह नियमों का दास है. कृपा करके यह भी न कहें कि यह उसका मनोरंजन है.
मैं नास्तिक क्यों हूँ - यह लेख भगत सिंह ने जेल में रहते हुए लिखा था । और यह 27 Sept 1931 को लाहौर के अखबार " द पीपल " में प्रकाशित हुआ । इस लेख में भगत सिंह ने ईश्वर की उपस्थिति पर अनेक तर्क पूर्ण सवाल खड़े किये हैं । और इस संसार के निर्माण । मनुष्य के जन्म । मनुष्य के मन में ईश्वर की कल्पना के साथ साथ संसार में मनुष्य की दीनता । उसके शोषण । दुनियाँ में व्याप्त अराजकता और और वर्ग भेद की स्थितियों का भी विश्लेषण किया है । यह भगत सिंह के लेखन के सबसे चर्चित हिस्सों में रहा है ।

इतना तो आप कभी भी बहुत मेहनत की है कि बिना सामग्री है और इतना कमा आगंतुकों को आसानी से पता चल जाएगा कारण बहुत सरल है जब मुझे लगता है कि मैं एक सामग्री प्रतियोगिता इसी तरह की सामग्री है कि क्या वे ऊपर या मुझे नीचे उन खोजों मैं मैं देख रहा हूँ पर क्या कर रहे हैं देखो क्या सामग्री है और वे प्रतियोगिता का विश्लेषण करती है, तो मैं देख रहा हूँ, क्योंकि हर कोई अपने प्रतियोगिता हर कोई देखता है, तो मैं एक और प्रतिस्पर्धा मिल
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